काश्मीर पर चीन से नहीं हुई कोई बात भारत ।12/10/19
www.deshkadarpannews.com: काश्मीर पर चीन से नहीं हुई कोई बात, भारत बोला- ये हमारा आंतरिक मसला । देश का दपॅण न्यूज: 12 अक्टूबर 2012 नरेंद्र मोदी ने चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ अपने दूसरे अनौपचारिक शिखर सम्मेलन के दौरान कहा कि उनके बीच हुई यह वार्ता भारत-चीन सहयोग को एक नई दिशा देगी. प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि दोनों देशों के बीच पनपे मतभेद को विवाद बनने नहीं दिया जाएगा और इसे सुलझाने की कोशिश की जाएगी. पीएम मोदी ने कहा कि बीते 2000 साल में अगर कुछ काल खंड को छोड़ दें तो भारत और चीन दुनिया की प्रमुख आर्थिक शक्तियां रही हैं. वहीं चीनी राष्ट्रपति ने कहा कि वे भारत में मिले सम्मान से अभिभूत हैं. कश्मीर पर चीन से नहीं हुई कोई बात, भारत बोला- ये हमारा आंतरिक मामला चीन के साथ कश्मीर मुद्दे पर कोई बातचीत नहीं- विदेश मंत्रालय राष्ट्रपति जिनपिंग ने पीएम मोदी को चीन आने का दिया न्यौता भारत में मिले सम्मान से अभिभूत हूं- शी जिनपिंग मानसरोवर यात्रा पर दोनों नेताओं के बीच बातचीतविदेश सचिव विजय गोखले ने कहा कि पीएम मोदी और शी जिनपिंग के बीच मानसरोवर यात्रा का मुद्दा उठा. इस दौरान मानसरोवर की यात्रा पर जाने वाले यात्रियों की सुविधा पर बातचीत हुई. पीएम मोदी ने चीनी राष्ट्रपति को मानसरोवर यात्रियों की सुविधा के लिए कुछ विचार सुझाये. इसके अलावा तमिलनाडु और चीन के फुजियान राज्य के बीच संबंध बढ़ाने पर भी चर्चा हुई. आतंकवाद और कट्टरपंथ की चुनौतियों पर चर्चाविदेश सचिव विजय गोखले ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति शी जिनपिंग इस बात पर सहमत थे कि मौजूदा दुनिया में आतंकवाद और कट्टरपंथ की चुनौतियों से निपटना जरूरी है. दोनों नेताओं ने कहा कि भारत और चीन न सिर्फ क्षेत्र आबादी के लिहाज से बड़े है, बल्कि विविधता के हिसाब से भी दोनों देश बड़े हैं। www.deshkadarpan.news कश्मीर पर चीन के साथ कोई चर्चा नहींविदेश मंत्रालय के मुताबिक पीएम नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच कश्मीर मुद्दे को लेकर कोई चर्चा नहीं हुई है. प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान विदेश सचिव विजय गोखले ने कहा कि पीएम मोदी और राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच ये मुद्दा उठा ही नहीं. उन्होंने कहा कि भारत बहुत पहले स्पष्ट कर चुका है कि कश्मीर भारत का आंतरिक मसला है. हालांकि दोनों नेताओं के बीच मुलाकात के दौरान दोनों देशों ने वैश्विक आतंकवाद और इससे पैदा होने वाले खतरे पर चर्चा की. काश्मीर पर शी जिनपिंग से नहीं हुई बातविदेश मंत्रालय के मुताबिक पीएम नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच कश्मीर मुद्दे को लेकर कोई चर्चा नहीं हुई है. हालांकि दोनों देशों ने आतंकवाद और कट्टरपंथ पर चर्चा की और इससे निपटने के उपायों पर बात की. शी जिनपिंग ने पीएम मोदी को चीन आने का न्यौता दियाविदेश मंत्रालय ने कहा है कि राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने पीएम मोदी को चीन आने का न्यौता दिया है. पीएम नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रपति शी जिनपिंग का न्यौता स्वीकार कर लिया है. वे अगले साल चीन के दौरे पर जा सकते हैं. देश का दपॅण न्यूज: चीन कारोबारी रिश्तों को नई ऊंचाई पर ले जाने को गंभीरभारत ने कहा है कि चीन इंडिया के साथ कारोबारी रिश्तों को नई ऊंचाई पर ले जाने के लिए गंभीर है. विदेश सचिव विजय गोखले ने कहा कि दोनों देशों के राष्ट्रध्यक्षों के बीच लगभग 90 मिनट तक बातचीत हुई. उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच रक्षा, व्यापार, निवेश, कैलाश मानसरोवर यात्रा, आईटी और दवा क्षेत्र पर बात हुई. देश का दपॅण न्यूज: शी जिनपिंग के लिए खास तोहफापीएम नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रपति शी जिनपिंग को जो शॉल भेंट की है, वो खास हैं. इस शॉल पर राष्ट्रपति शी जिनपिंग की पोट्रेट बनी है. इस शॉल को कोयम्बटूर जिले में श्रीरामलिंग सोवदंबीगई हैंडलूम वीवर्स को ऑपरेटिव सोसयाटी के बुनकरों ने तैयार किया है. बता दें कि चेन्नई की सिल्क कपड़ों के बाजार में बेहद लोकप्रिय है. इस शॉल को इस तरह तैयार किया गया है कि इस पर राष्ट्रपति की तस्वीर जीवंत हो उठी है.चेन्नई के लिए निकले राष्ट्रपति शी जिनपिंगराष्ट्रपति शी जिनपिंग महाबलीपुरम के कोव रिजॉर्ट से चेन्नई के लिए रवाना हो गए हैं. चेन्नई के लिए रवाना शी जिनपिंग। राष्ट्रपति शी जिनपिंग को खास भेंटताज फिशरमैन होटल में पीएम मोदी और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग हैंडलूम और कलाकृतियों की एक प्रदर्शनी में शामिल हुए. इस प्रदर्शनी में पीएम मोदी ने चीनी राष्ट्रपति को भारत की कलाकृतियों के बारे में बताया. इसके अलावा पीएम मोदी ने राष्ट्रपति को सिल्क के कपड़े पर बनी उनकी एक तस्वीर भेंट की. राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने भी पीएम मोदी को उनकी एक तस्वीर भेंट की. भारत में मिले सम्मान से अभिभूत हूं- शी जिनपिंगचीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने कहा है कि वे भारत में मिले सम्मान से अभिभूत हैं. महाबलीपुरम में दोनों देशों के बीच प्रतिनिधिमंडल स्तर की बातचीत के ओपनिंग रिमार्क में राष्ट्रपति जिनपिंग ने कहा कि वे भारत की मेहमाननवाजी से अभिभूत हैं, और उन्होंने और चीन से आए उनके सहयोगियों ने इसे महसूस किया है. राष्ट्रपति ने कहा कि ये दौरान उनके और उनके साथियों के लिए यादगार दौरा रहेगा. चीन के राष्ट्रपति ने कहा कि जैसा कि कल पीएम मोदी ने कहा था कि दोनों नेताओं के बीच शुक्रवार को द्विपक्षीय मुद्दों पर बेहद सकारात्मक माहौल में बातचीत हुई थी. शी जिनपिंग ने कहा कि अनौपचारिक बातचीत से रिश्तों में नई गर्माहट आई है. चेन्नई विजन से रिश्तों के नए अध्याय की शुरुआत-पीएम मोदीप्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि वुहान स्पिरिट ने हमारे संबंधों को एक नया मोमेंटम और विश्वास दिया था. आज हमारे चेन्नई विजन से दोनों देशों के बीच सहयोग का एक नया दौर शुरू होगा. पीएम ने कहा कि ये सभी हमारी बड़ी उपलब्धियां हैं, इनसे हमें भविष्य में और अधिक प्रयास करने की प्रेरणा मिलती हैं. उन्होंने कहा कि चेन्नई समिट में अब तक हमारे बीच द्वीपक्षीय और वैश्विक मुद्दों पर महत्वपूर्ण विचार विनिमय हुआ. आपसी विवाद को झगड़े की वजह नहीं बनने देंगे- पीएम मोदीप्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने चीन से कहा है कि चीन के साथ मतभेद को झगड़े की वजह नहीं बनने दिया जाएगा. महाबलीपुरम में प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि पिछले दो हजार सालों के अधिकांश कालखंड में भारत और चीन दुनिया की प्रमुख आर्थिक शक्तियां रही हैं. अब इस शताब्दी में हम फिर से साथ-साथ उस स्थिति को प्राप्त कर रहे हैं. पीएम मोदी ने कहा कि पिछले साल चीन के शहर वुहान में हमारे इनफॉर्मल समिट से हमारे संबंधों में गर्मजोशी आई है. दोनों पक्षों के बीच रणनीतिक साझेदारी बढ़ी है. पीएम ने कहा कि हमने तय किया था कि हम मतभेद को आपसी सहमति से सुलझाएंगे करेंगे और इसे विवाद नहीं बनने देंगे, एक दूसरे की चिंताओं के बारे में संवेदनशील रहेंगे और हमारे संबंध विश्व में शांति और स्थिरता के कारक होंगे. नरेंद्र मोदी और शी जिनपिंग के बीच मुलाकात खत्मप्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और शी जिनपिंग के बीच अनौपचारिक मुलाकात खत्म हो गई है. दोनों नेताओं के बीच लगभग 50 मिनट तक बातचीत हुई. इस दौरान पीएम मोदी और राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ सिर्फ ट्रांसलेटर ही मौजूद थे. दोनों नेताओं के बीच किन मुद्दों पर बात हुई इसे लेकर दोनों देश अलग-अलग प्रेस रिलीज जारी करेंगे. अब दोनों देशों के बीच प्रतिनिधिमंडल स्तर की बातचीत होगी. इसमें भारत की ओर से एनएसए अजीत डोभाल और विदेश मंत्री एस जयशंकर भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे. इको-फ्रेंडली रिक्शा से कोव रिजॉर्ट की सैरप्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और शी जिनपिंग के बीच बातचीत के बाद दोनों देशों के बीच प्रतिनिधिमंडल स्तर की बातचीत होगी. इसके बाद पीएम मोदी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के सम्मान में लंच देंगे. बता दें कि चीन के राष्ट्रपति जब अपने होटल से ताज फिशरमैन के कोव रिजॉर्ट जा रहे थे, तो पीएम मोदी उन्हें इको-फ्रेंडली रिक्शा से वहां ले गए. दोनों देश अलग-अलग जारी करेंगे बयानराष्ट्रपति शी जिनपिंग से मुलाकात के बाद भारत और चीन अलग-अलग बयान जारी करेंगे. माना जा रहा है कि दोनों देशों के बीच आतंकवाद, व्यापार, वन बेल्ट वन रोड, सीमा विवाद जैसे मुद्दों के बीच बातचीत हो सकती है. चीनी राष्ट्रपति के साथ 100 सदस्यों का प्रतिनिधिमंडलचीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ विदेश मंत्री वांग यी और स्टेट काउंसलर यांग जिएची सहित 100 सदस्यीय मजबूत प्रतिनिधिमंडल आया है. चीनी प्रतिनिधमंडल में सीपीसी केंद्रीय कमेटी और राजनीतिक ब्यूरो के सदस्य डिंग शुईशियांग, स्टेट काउंसलर यांग जिएची, विदेश मंत्री वांग यी, चीनी पीपुल्स पॉलिटिकल कंसल्टेटिव कॉन्फ्रेंस की राष्ट्रीय समिति के उपाध्यक्ष एच.ई. लाइफेंग व अन्य लोग शामिल हैं. वागं यी और यांग जिएची अपने भारतीय समकक्ष विदेश मंत्री एस. जयशंकर और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल के साथ अलग से वार्ता करेंगे.आतंकवाद-व्यापार जैसे मुद्दे पर बातकोवलम बीच चेन्नई का प्रसिद्ध पर्यटक स्थल है. यहां पर बेहद मनोरम स्थल में कोव रिजॉर्ट बना हुआ है. इसी जगह पर पीएम मोदी और राष्ट्रपति शी जिनपिंग मिल रहे हैं. मुलाकात के दौरान दोनों के साथ ट्रांसलेटर मौजूद हैं. दोनों देशों के बीच आतंकवाद, व्यापार जैसे मुद्दे पर बातचीत संभव है. कोव रिजॉर्ट पहुंचे शी जिनपिंगचीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग कोव रिजॉर्ट पहुंच चुके हैं. यहां पर पीएम मोदी ने उनका स्वागत किया. थोड़ी ही देर में दोनों नेताओं के बीच अकेले में बातचीत होगी. इन दौरान दोनों देशों के प्रतिनिधिमंडल यहां पर मौजूद नहीं रहेंगे राष्ट्रपति के सम्मान में लंचचीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग थोड़ी देर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात करेंगे. दोनों नेताओं के बीच लगभग 40 मिनट तक अकेले में मुलाकात होगी. आज पीएम मोदी ने राष्ट्रपति शी जिनपिंग के सम्मान में लंच का आयोजन किया है. चेन्नई होटल से निकले चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग आज राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय और कई क्षेत्रीय मुद्दों पर होगी बातचीतप्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग आज फिर महाबलीपुरम में एक दूसरे से मिलेंगे. इस दौरान राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय और कई क्षेत्रीय मुद्दों पर बातचीत होगी. भारत और चीन के बीच प्रतिनिधिमंडल स्तर की बातचीत भी होगी। आतंकवाद पर हुई बातपहले दिन मोदी-जिनपिंग के बीच आतंकवाद और कट्टरता पर बातचीत हुई. दोनों नेताओं ने इस मोर्चे पर साथ मिलकर काम करने का फैसला किया. दोनों नेताओं में बीच करीब 5 घंटे तक मुलाकात के दौरान व्यापार-आर्थिक, निवेश जैसे मुद्दों पर भी चर्चा हुई ।महाबलीपुरम में पीएम मोदी की डिनर डिप्लोमेसीमहाबलीपुरम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ खाना खाया. डिनर में खास दक्षिण भारतीय व्यंजन परोसा गया. डिनर पर मोदी और जिनपिंग के बीच करीब ढाई घंटे तक बात होती रही, दोनों नेताओं ने दुनिया से जुड़े मुद्दों पर अपनी राय रखी. पीएम मोदी बने जिनपिंग के 'टूरिस्ट गाइड'भारत के दौरे पर आए चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने चेन्नई से लगभग 60 किलोमीटर दूर स्थित प्रसिद्ध मूर्तिकला शहर महाबलीपुरम में तीन महत्वपूर्ण स्मारकों की वास्तुकला और महत्व के बारे में विस्तार से बताया । देश का दपॅण न्यूज: भारत दौरे के बाद चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने कहा- सभी विवादित मुद्दों को संवाद के जरिये हल करने की कोशिश करेंगे चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग अनौपचारिक शिखर वार्ता में शामिल होने के लिए शुक्रवार को चेन्नई पहुंचे थे. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और शी जिनपिंग ने इस दौरान व्यापार, आतंकवाद समेत कई मुद्दों पर बातचीत की. भारत दौरे के बाद चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने कहा- सभी विवादित मुद्दों को संवाद के जरिये हल करने की कोशिश करेंगे बीजिंग: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने शनिवार को तमिलनाडु के मामल्लापुरम में मुलाकात की. दो शीर्ष नेताओं की मुलाकात के बाद चीन ने कहा है कि हम जमीन विवाद समेत सभी विवादित मुद्दों को संवाद के जरिये हल करने की कोशिश करेंगे. शनिवार को सरकारी संवाद समिति शिन्हुआ द्वारा जारी रिपोर्ट में कहा गया कि दोनों नेताओं ने चीन-भारत संबंधों पर गहराई से विचारों का आदान-प्रदान किया और राष्ट्रपति ने कहा, ‘‘ हमें एक दूसरे के मूल हितों से जुड़े मुद्दों को बड़ी सावधानी से लेना चाहिए. हमें उन समस्याओं का उपयुक्त ढंग से प्रबंधन और नियंत्रण करना चाहिए, जिन्हें फिलहाल सुलझाया नहीं जा सकता.’’ शी ने कहा, ‘‘दोनों देशों के बीच मतभेदों को सही तरीके से देखा जाना चाहिए. हमें उसे द्विपक्षीय सहयोग के संपूर्ण हितों को कमजोर नहीं करने देना चाहिए. साथ ही, हमें संवाद के माध्यम से आपसी समझ बनाने की कोशिश करनी चाहिए और लगतार मतभेदों को सुलझाना चाहिए.’’ अगले कुछ सालों को दोनों देशों के लिए अहम बताते हुए उन्होंने कहा, ‘‘ दोनों देशों को दोस्ताना सहयोग के उज्ज्वल मार्ग पर जाना चाहिए और दोनों ऐसा कर सकते हैं.’’ 3488 किलोमीटर लंबी वास्तविक नियंत्रण रेखा पर सीमा विवाद के संबंध में उन्होंने कहा, ‘‘राजनीतिक मार्गदर्शक सिद्धांतों के अनुसार हमें सीमा मुद्दे का निष्पक्ष और तार्किक समाधान खोजना चाहिए, जो दोनों पक्षों को मंजूर हो.’’ शिन्हुआ के अनुसार दोनों नेताओं ने दोस्ताना और सहज माहौल में साझा हित के बड़े अंतरराष्ट्रीय और क्षेत्रीय मुद्दों पर भी चर्चा की. शी ने कहा कि पिछले साल वुहान में मोदी के साथ अपनी सफल बैठक के बाद चीन-भारत संबंध ने मजबूत एवं स्थिर विकास के नये चरण में कदम रखा है और इस बैठक के सकारात्मक प्रभाव लगातार उभरकर सामने आ रहे हैं. शिन्हुआ ने शी के हवाले से कहा,‘‘ प्रथम, हमें एक दूसरे के विकास का सही अवलोकन करना चाहिए और रणनीतिक परस्पर विश्वास बढ़ाना चाहिए.’’ शी ने कहा, ‘‘ भले ही कोई भी दृष्टिकोण हो, लेकिन चीन और भारत को अच्छा पड़ोसी और साझेदार होना चाहिए, जो सद्भाव के साथ रहें और हाथ में हाथ डालकर आगे बढ़े.’’ उन्होंने कहा, ‘‘ ड्रैगन (चीन का प्रतीक) और हाथी (भारत का प्रतीक) का उल्लास मनाना ही चीन और भारत का एक मात्र सही विकल्प है, जो दोनों देशों और उनके लोगों के मौलिक हित में है.’’ महाबलीपुरम में जिनपिंग ने नहीं किया कश्मीर का जिक्र, www.deshkadarpannews.com


Comments
Post a Comment