जयपुर पुलिस आयुक्तालय क्षेत्र में नगरीय निकाय चुनावों को लेकर धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा लागू
जयपुर पुलिस आयुक्तालय क्षेत्र में नगरीय निकाय चुनावों को लेकर धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा लागू
जयपुर, 19 अगस्त 2026: राजस्थान राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा घोषित नगरीय निकाय चुनावों को शांतिपूर्ण, स्वतंत्र और निष्पक्ष तरीके से संपन्न कराने के उद्देश्य से जयपुर पुलिस आयुक्तालय क्षेत्र में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) 2023 की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा लागू कर दी गई है।
अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (कानून एवं व्यवस्था) प्रदीप मोहन शर्मा ने मंगलवार को जारी आदेश में कहा कि चुनावों का मतदान 9 सितंबर 2026 (प्रथम चरण) और 11 सितंबर 2026 (द्वितीय चरण) को तथा मतगणना 14 सितंबर 2026 को प्रस्तावित है। सभी वर्ग के मतदाता बिना किसी आतंक और भय के अपना मताधिकार प्रयोग कर सकें, इसके लिए असामाजिक एवं बाधक तत्वों की गतिविधियों पर अंकुश लगाना आवश्यक है।
प्रमुख प्रतिबंध
आदेश के अनुसार जयपुर पुलिस आयुक्तालय की सीमाओं में:
कोई भी व्यक्ति सार्वजनिक स्थानों पर विस्फोटक पदार्थ, आग्नेय अस्त्र-शस्त्र (रिवाल्वर, पिस्टल, बंदूक आदि) या अन्य घातक हथियार (तलवार, चाकू, गुप्ता, लाठी आदि) धारण कर घूम नहीं सकेगा, प्रदर्शन नहीं कर सकेगा।
संबंधित पुलिस उपायुक्त की अनुमति के बिना सार्वजनिक स्थानों पर जुलूस, सभा, धरना या भाषण आयोजित नहीं किए जा सकेंगे। ध्वनि प्रसारण यंत्र का इस्तेमाल भी अनुमति लेकर सुबह 6 बजे से रात 10 बजे तक ही संभव होगा। शवयात्रा पर यह प्रतिबंध लागू नहीं होगा।
साम्प्रदायिक सद्भावना को बिगाड़ने वाले नारे, भाषण, पंपलेट, पोस्टर या सोशल मीडिया (फेसबुक, ट्विटर, व्हाट्सएप, यूट्यूब आदि) के जरिए धार्मिक उन्माद, जातिगत द्वेष या विघटनकारी प्रचार प्रतिबंधित रहेगा।
सार्वजनिक एवं सरकारी संपत्ति पर नारा-लेखन, प्रतीक चित्रण, पोस्टर या होर्डिंग लगाना तथा संपत्ति का विरूपण नहीं किया जा सकेगा।
सार्वजनिक स्थानों पर मदिरा सेवन, सेवन कराना या अधिकृत विक्रेताओं के अलावा मदिरा लेकर आवागमन प्रतिबंधित रहेगा। सूखा दिवस पर मदिरा विक्रय पूर्णतः बंद रहेगा।
चुनाव प्रचार वाले वाहनों से यातायात बाधित नहीं किया जा सकेगा। ध्वनि यंत्र लगे वाहनों के लिए लिखित अनुमति अनिवार्य होगी।
मंदिर, मस्जिद, गिरिजाघर, गुरुद्वारे आदि पूजा स्थलों का चुनाव प्रचार मंच के रूप में इस्तेमाल नहीं होगा।
मतदान केंद्र या उसके आसपास पहचान स्लिप के रूप में पोस्टर, झंडे या चुनाव चिन्ह का प्रदर्शन नहीं किया जा सकेगा।
कुछ छूट भी दी गई हैं। ड्यूटी पर तैनात सुरक्षा बलों, सिक्ख समुदाय के धार्मिक कृपाण, शस्त्र अनुज्ञापत्र नवीनीकरण/जमा करने वालों, निशक्तजनों की सहारे वाली लाठी तथा राष्ट्रीय राइफल एसोसिएशन के सदस्यों पर हथियार संबंधी प्रतिबंध लागू नहीं होगा।
यह आदेश 19 अगस्त 2026 मध्यरात्रि से तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है और अगले आदेश तक प्रभावी रहेगा। उल्लंघन करने वालों पर भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 223 के तहत कार्रवाई की जाएगी।
आदेश की प्रतियां मुख्य सचिव, महानिदेशक पुलिस, राज्य निर्वाचन आयोग, जिला कलेक्टर समेत संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई हेतु भेज दी गई हैं। पुलिस थानों, कार्यालयों और प्रमुख सार्वजनिक स्थानों पर भी इसे चस्पा किया जाएगा तथा समाचार पत्रों के माध्यम से प्रसारित किया जाएगा।
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